नई दिल्ली | 19 जून 2026
दिल्ली के पॉश इलाके माउंट कैलाश से एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई है। एक 50 वर्षीय त्वचा रोग विशेषज्ञ (Dermatologist) डॉक्टर पर अपनी 15 वर्षों से काम कर रही घरेलू सहायिका की निर्मम हत्या करने का आरोप लगा है। पुलिस के अनुसार, आरोपी डॉक्टर ने महिला पर पहले क्रिकेट बैट से हमला किया और फिर रसोई के चाकू से उसका गला काट दिया। घटना के बाद जब पुलिस मौके पर पहुंची तो डॉक्टर ने कथित तौर पर कहा, “मुझे फांसी दे दो।”
क्या है पूरा मामला?

मृतका की पहचान मीना (45 वर्ष) के रूप में हुई है, जो पिछले लगभग 15 वर्षों से डॉक्टर के घर में घरेलू सहायिका के रूप में काम कर रही थीं। गुरुवार सुबह वह रोज़ की तरह घर के काम के लिए पहुंची थीं। कपड़े धोने के बाद वह छत पर उन्हें सुखाने गईं, जहां कथित तौर पर आरोपी डॉक्टर ने उन पर हमला कर दिया।
पुलिस जांच के अनुसार, डॉक्टर ने पहले अपने बेटे के क्रिकेट बैट से मीना के सिर और चेहरे पर कई वार किए। इसके बाद रसोई के चाकू से उनका गला काट दिया गया। महिला की मौके पर ही मौत हो गई।
पड़ोसी की सूचना से खुला मामला
घटना का खुलासा तब हुआ जब सामने की इमारत में रहने वाले एक व्यक्ति ने अपनी बालकनी से छत पर खून से लथपथ महिला को देखा। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव बरामद किया। आरोपी डॉक्टर घटनास्थल के पास ही मौजूद मिला और उसे तुरंत हिरासत में ले लिया गया।
“मुझे फांसी दे दो” – पुलिस के सामने डॉक्टर का बयान
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जब वे घटनास्थल पर पहुंचे तो डॉक्टर सीढ़ियों पर बैठा मिला। प्रारंभिक पूछताछ के दौरान उसने कथित तौर पर कहा, “मुझे फांसी दे दो।” मौके से एक क्रिकेट बैट और खून से सना हुआ रसोई का चाकू बरामद किया गया है।
मानसिक बीमारी से जूझ रहा था आरोपी?

जांच में सामने आया है कि आरोपी डॉक्टर पिछले लगभग 10 वर्षों से डिप्रेशन (Depression) और ऑब्सेसिव कम्पल्सिव डिसऑर्डर (OCD) का इलाज करवा रहा था। पुलिस सूत्रों के अनुसार, डॉक्टर लंबे समय से मानसिक तनाव और हिंसक विचारों से जूझ रहा था।
कुछ रिपोर्टों में यह भी दावा किया गया है कि डॉक्टर को घरेलू सहायिका पर “काला जादू” करने का शक था। हालांकि पुलिस अभी सभी पहलुओं की जांच कर रही है और किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंची है।
परिवार में चल रहा था विवाद
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि डॉक्टर और उसकी पत्नी के बीच घरेलू सहायिका को नौकरी से निकालने को लेकर विवाद चल रहा था। डॉक्टर कथित तौर पर मीना को हटाना चाहता था, जबकि उसकी पत्नी का कहना था कि मीना ने वर्षों तक परिवार की सेवा की है और कठिन समय में उनका साथ दिया है।
बताया जा रहा है कि जब डॉक्टर की मां कैंसर से जूझ रही थीं, तब भी मीना ने परिवार की देखभाल में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
इलाके में फैला आक्रोश
घटना की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और घरेलू कामगार घटनास्थल के बाहर इकट्ठा हो गए। लोगों ने आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। कई महिलाओं ने मीना के लिए न्याय की मांग करते हुए प्रदर्शन भी किया।
पुलिस जांच जारी

फिलहाल पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया है। फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से सबूत जुटाए हैं और आसपास के CCTV फुटेज की जांच की जा रही है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है, जिससे हत्या के तरीके और समय को लेकर और जानकारी मिल सकेगी।
निष्कर्ष
दक्षिण दिल्ली के इस हाई-प्रोफाइल मर्डर केस ने पूरे शहर को झकझोर कर रख दिया है। एक सम्मानित डॉक्टर पर अपनी वर्षों पुरानी घरेलू सहायिका की हत्या का आरोप लगना कई सवाल खड़े करता है। मानसिक स्वास्थ्य, पारिवारिक तनाव और अंधविश्वास जैसे पहलू इस मामले को और भी जटिल बनाते हैं। आने वाले दिनों में पुलिस जांच और अदालत की कार्यवाही से इस मामले की पूरी सच्चाई सामने आने की उम्मीद है।
आपकी राय क्या है? क्या मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्याओं की पहचान और इलाज पर समाज को अधिक ध्यान देने की जरूरत है? अपनी राय कमेंट में जरूर बताएं।